झारखंड सरकार ने अवैध निर्माणों को लेकर एक बड़ा कदम उठाया है। राज्य सरकार ने रेगुलराइजेशन एक्ट 2025 के तहत एक नई उदार नीति को मंजूरी दी है। इसके तहत बिना नक्शा पास किए बने मकान और व्यावसायिक भवन अब वैध कराए जा सकेंगे।
झारखंड अवैध निर्माण वैध करने का पोर्टल: किन इमारतों पर लागू होगी योजना?
इस योजना के बारे में जानकारी देते हुए अधिकारियों ने बताया कि नियमितीकरण की यह योजना केवल G+2 (ग्राउंड फ्लोर + दो मंजिल) तक की रिहायशी इमारतों या 300 वर्ग फीट से कम आकार के प्लॉट पर बने घरों पर ही लागू होगी। City News Giridih के मुताबिक, इस योजना से लाखों लोगों को फायदा होने की उम्मीद है।
हेमंत सरकार का फैसला: अवैध भवनों को वैध करने की प्रक्रिया शुरू
राज्य सरकार ने इस योजना के तहत एक पोर्टल भी लॉन्च किया है, जिसके जरिए लोग अपने अवैध निर्माणों को वैध कराने के लिए आवेदन कर सकेंगे। ETV Bharat की रिपोर्ट के अनुसार, हेमंत सरकार के इस फैसले पर सवाल भी उठ रहे हैं।
"झारखंड में अवैध निर्माण को बड़ी राहत, रेगुलराइजेशन एक्ट 2025 से लाखों लोगों को फायदा" — City News, Giridih
हमारी बात: क्या यह सही कदम है?
हमारी नज़र में, झारखंड सरकार का यह कदम उन लोगों के लिए बड़ी राहत है जो बिना नक्शा पास कराए घर बना चुके हैं। लेकिन सवाल यह है कि क्या इससे अवैध निर्माण को बढ़ावा मिलेगा? सरकार को यह सुनिश्चित करना होगा कि यह योजना सिर्फ उन्हीं लोगों को फायदा पहुंचाए जो वाकई में जरूरतमंद हैं, न कि उन लोगों को जो जानबूझकर नियम तोड़ रहे थे।
Sources & References
- City News Giridih — Facebook
- ETV Bharat — ETV Bharat
- City News, Giridih — YouTube